प्रशासनिक अधिकारी चक्रमण कर ले रहे हैं पल-पल की खबर
20 नामजद व 200 अज्ञात के विरूद्ध दर्ज किया गया मुकदमा
आजमगढ़। निजामाबाद थानाक्षेत्र के संजरपुर (खोदादादपुर) में तीसरे दिन सोमवार को स्थिति सामान्य हो रही है। रोज की अपेक्षा तीसरे दिन सोमवार को यातायात संचालन सुचारू रूप से बहाल रहा। छीटपुट दुकानें •ाी खुली लेकिन ग्राहकों की संख्या नदारद थी। जिला प्रशासन के आला अधिकारी क्षेत्र का भ्रमण कर पल-पल की खबर लेते रहे। कहीं से किसी अप्रिय घटना का समाचार प्रकाश में नहीं आया।
स्थानीय लोगों में भय व्याप्त नजर आ रहा था। पुलिस की गाड़ियाँ देख लोग सहम जा रहे थे। जब उन्हें यह पता चलता था कि पुलिस भ्रमण कर स्थिति का अवलोकन कर रही है तब जाकर कहीं वह राहत की साँस ले रहे थे। बताते चलें कि बीते शुक्रवार की रात एक पुरानी बात को लेकर दो समुदायों के बीच हुए कहा सुनी के बाद इस घटना ने बड़ा रूप ले लिया। परिणाम स्वरूप दर्जनों स्थानों पर आगजनी मारपीट, पत्थर बाजी आदि की घटनाऐं हुई। इस घटना के बाद संजरपुर व आस-पास के क्षेत्रों में तनाव इस कदर बढ़ा कि लोगों को सोचने पर मजबूर होना पड़ गया।
जिला प्रशासन के अनुसार इस घटना में 20 लोगों के विरूद्ध नामजद व 200 लोगों के विरूद्ध अज्ञात में मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस, आरएएफ व ब्लैक कैट कमाण्डोज मौके पर डटे हुए हैं। जिलाधिकारी सुहास एल वाई पुलिस व प्रशासन के अधिकारियों के साथ पूरे संजरपुर क्षेत्र का जायजा कर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिए साथ ही मौके पर उपस्थित पुलिस व अन्य जवानों को आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए। जिलाधिकारी ने साफ शब्दों में निर्देश दिये कि यदि कोई अशान्ति फैलाने का प्रयास करे तो उसके साथ सख्ती से निपटा जाये। कानून व्यवस्था के साथ खिलवाड़ किसी भी
कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाऐगा।
20 नामजद व 200 अज्ञात के विरूद्ध दर्ज किया गया मुकदमा
आजमगढ़। निजामाबाद थानाक्षेत्र के संजरपुर (खोदादादपुर) में तीसरे दिन सोमवार को स्थिति सामान्य हो रही है। रोज की अपेक्षा तीसरे दिन सोमवार को यातायात संचालन सुचारू रूप से बहाल रहा। छीटपुट दुकानें •ाी खुली लेकिन ग्राहकों की संख्या नदारद थी। जिला प्रशासन के आला अधिकारी क्षेत्र का भ्रमण कर पल-पल की खबर लेते रहे। कहीं से किसी अप्रिय घटना का समाचार प्रकाश में नहीं आया।
स्थानीय लोगों में भय व्याप्त नजर आ रहा था। पुलिस की गाड़ियाँ देख लोग सहम जा रहे थे। जब उन्हें यह पता चलता था कि पुलिस भ्रमण कर स्थिति का अवलोकन कर रही है तब जाकर कहीं वह राहत की साँस ले रहे थे। बताते चलें कि बीते शुक्रवार की रात एक पुरानी बात को लेकर दो समुदायों के बीच हुए कहा सुनी के बाद इस घटना ने बड़ा रूप ले लिया। परिणाम स्वरूप दर्जनों स्थानों पर आगजनी मारपीट, पत्थर बाजी आदि की घटनाऐं हुई। इस घटना के बाद संजरपुर व आस-पास के क्षेत्रों में तनाव इस कदर बढ़ा कि लोगों को सोचने पर मजबूर होना पड़ गया।
जिला प्रशासन के अनुसार इस घटना में 20 लोगों के विरूद्ध नामजद व 200 लोगों के विरूद्ध अज्ञात में मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस, आरएएफ व ब्लैक कैट कमाण्डोज मौके पर डटे हुए हैं। जिलाधिकारी सुहास एल वाई पुलिस व प्रशासन के अधिकारियों के साथ पूरे संजरपुर क्षेत्र का जायजा कर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिए साथ ही मौके पर उपस्थित पुलिस व अन्य जवानों को आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए। जिलाधिकारी ने साफ शब्दों में निर्देश दिये कि यदि कोई अशान्ति फैलाने का प्रयास करे तो उसके साथ सख्ती से निपटा जाये। कानून व्यवस्था के साथ खिलवाड़ किसी भी
कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाऐगा।


Blogger Comment
Facebook Comment