आजमगढ़:: सगडी के धनछुला में स्थित आर. के. एम. संस्थान के प्रांगण में बुधवार को स्वतन्त्रता दिवस के शुभ अवसर पर संस्था की निदेशिका डाॅ. सुनीता ने ध्वजारोहण के उपरान्त सभी अधिकारियों/कर्मचारियों को सत्यनिष्ठा पूर्वक अपने दायित्वों व कर्तव्यों के निर्वहन हेतु शपथ दिलाई। इस दौरान अपने सम्बोधन में उन्होंने कहा कि शिक्षक और विद्यार्थी एक दूसरे के रीढ़ होते हैं। ज्ञानार्जन से दुनिया में परिवर्तन संभव है। देश का मान-सम्मान, इज्जत, प्रतिष्ठा बढ़ाने का हुनर सभी में होना चाहिए। यह बोध गुरू के माध्यम से ही निरूपित होता है अतः एक अनुशासित शिक्षक ही अनगिनत अनुशासनशील विद्यार्थी के मार्गदर्शक की भूमिका निभाते हैं। आज के इन नौनिहालों के कन्धों पर ही भविष्य का भारत टिका है जिनके जिम्मेदारियों के बूते देश उन्नति के तरफ सदैव अग्रसर होता रहेगा। सार्थक सन्देश देते हुए उन्होंने कहाः की सीमित सन्साधनों में चुनौतीपूर्ण दायित्वों को पूर्ण जिम्मेदारी के साथ निभाना एक कला है इसलिये हमें अपने आपको हमेशा ऊर्जावान रखते हुए सकारात्मक सोच के साथ आगे बढ़ते रहना चाहिए कभी भी अपने आपको हतोत्साहित नहीं करना चाहिए। स्वतंत्रता दिवस समारोह के अवसर पर संस्था के 900 सौ विद्यार्थी व 75 कर्मचारियों सहित तमाम स्थानीय सम्मानित सदस्य उपस्थित रहे । कार्यक्रम में अधिकांश छात्र-छात्राओं ने अपनी कला कौशल का प्रदर्शन कर उपस्थित लोगों का मन मोह लिया । प्रदर्शन के आधार चयनित कलाकारों को आगामी 14 सितम्बर के 'बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ' कार्यक्रम के दौरान नकद पुरूस्कार व प्रशस्ति पत्र के द्वारा सम्मानित किया जायेगा।
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